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बगैर अनुमति के सुनारी की चौपाल को तोड़ने का आरोप

तावडू : कुछ व्यक्तियों द्वारा गांव सुनारी की अनुसूचित जाति की चौपाल को तोड़ने का मामला प्रकाश में आया है। ग्रामीण इस संदर्भ में पुलिस कप्तान व एसडीएम से मिले हैं। अधिकारियों ने इस मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

गांव सुनारी के ग्रामीण मास्टर बलवंत, मान ¨सह, मनजीत ¨सह, प्रवीन कुमार, सुरेंद्र, प्रेम ¨सह, रोशन, रिसाल ¨सह, धर्मबीर, रोशन, दलीप, रामचंद्र के अलावा कई अन्य ग्रामीणों ने अधिकारियों को दी शिकायत में कहा है कि उनके गांव में वर्षों से एक अनुसूचित जाति की चौपाल बनी हुई थी। 2015 में प्रदेश सरकार द्वारा भेजी गई ग्रांट से इसकी मरम्मत का कार्य संपन्न हुआ। लेकिन गत 19 दिसंबर को उनके गांव के ही ओम प्रकाश, शेर ¨सह, सुरेश, गिरिराज, पंकज, संजय, दीपक, गोकुल, लक्ष्मण, बनवारी, निरंजन, रोहताश, हरीचंद के अलावा कई अन्य लोगों ने मिलकर गांव के सरपंच व अन्य गणमान्य लोगों से बिना सलाह मशवरा किए व बिना विभागीय मंजूरी लिए पहले तो चौपाल के नीम के पेड़ों को कटवा दिया तथा पेड़ों को बेचकर राशि स्वयं रख ली। उसके बाद बिना सरकारी मंजूरी के जेसीबी से चौपाल को ध्वस्त करा दिया। शिकायतकर्ताओं ने अधिकारियों से इन लोगों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वहीं अधिकारियों ने शिकायतकर्ताओं को मामले की गंभीरता से जांच का आश्वासन दिया है।