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खतरों की पहचान करके बहुत सी माताओं की मौत को बचाया जा सकेगा-डा0 योगेश शर्मा

 हरियाणा में लगभग 700 माताओं की मौत प्रति वर्ष होती है जिसमें वर्ष 2016-17 में करनाल जिले में कुल 26 गर्भवती महिलाओं की मौत हुई। इन गर्भवती माताओं की काफी मौतों को बचाया जा सकता है। इसके लिए प्रधानमंत्री द्वारा प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृृत्व अभियान शुरु किया गया है। प्रत्येक महीने की 9 तारिख को सभी गर्भवती माताओं का महिला चिकित्सा अधिकारी द्वारा चैक  करके माता में होने वाले खतरों के लक्षणों की पहचान की जायेंगी और समय पर इन खतरों की पहचान करके बहुत सी माताओं की मौत को बचाया जा सकेगा।  यह जानकारी सिविल सर्जन डा0 योगेश शर्मा ने दी।  

करनाल जिले में मातृृ मृृत्यु दर को कम करने का लक्ष्य समय से पहले ही पूरा कर लिया जायेगा। उन्होने बताया कि सोमवार 10 जुलाई को करनाल में कुल 22 सरकारी संस्थाओं में यह कैम्प लगााया गया, इस अभियान में कुल 22 टीमें बनाई गई है जिसमें प्रत्येक टीम में एक महिला चिकित्सक, एक फार्मासिस्ट, एक एल.टी, तथा 5 ए.एन.एम व स्टाफ नर्स इस अभियान का हिस्सा रहे। जिले में अधिकत्तम कवरेज करने के लिये पहली बार सिविल सर्जन करनाल द्वारा जिले में कार्यरत सभी महिला चिकित्सा अधिकारी जिसमें जिले के महिला डिप्टी सिविल सर्जन, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी व चिकित्सा अधिकारी  द्वारा गर्भवती महिलाओं के चैकअप करने हेतू विभिन्न संस्थाओं में डयूटी लगाई गई ।  

 इस अभियान  में सभी गर्भवती महिलाओं की 4 महीने से 9 महीने तक आवश्यक तौर से जांच की गई तथा इस दौरान सभी महिलाओं के खून, पेशाब, एच.आई.वी, बल्ड ग्रुप इत्यादि की जांच करते हुए उन्हें  टेटनिस के टीके व खून बढाने की दवाई भी दी गई। सभी महिलाओं की काउंसलिंग करके गर्भावस्था के दौरान जच्चा बच्चा के स्वास्थय की देखभाल के बारे में बताया जायेगा तथा प्रसव के बाद   परिवार कल्याण के तरीके के बारे में भी बताया गया।