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एसडीओ को बचाने में जुटे एक्सईएन

अंबाला : क्वालिटी सब डिवीजन अंबाला छावनी के एसडीओ पर लगे 50 हजार रुपये ऐंठने के आरोपों की जांच शुरू होने से पहले ही दबती नजर आ रही है। उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम अंबाला मंडल के अधीक्षक अभियंता के आदेशों के बावजूद एक्सईएन अंबाला छावनी ने बिना जांच किए ही इस मामले को यूनियन के नेताओं के इशारों पर दिया गया है रंग बता रहे हैं तो दूसरी तरफ शिकायतकर्ता फैक्ट्री मालिक का तर्क है कि एक्सईएन अपने एसडीओ को बचाने में जुटे हैं। कम से कम एक बार उनके घर पर आकर बनाई गई चोरी को तो चेक करें कि वह सही थी या गलत?

आउटर रोड अंबाला छावनी में रहने वाले फैक्ट्री मालिक फकीर चंद ने बताया कि एसडीओ को बचाने का बिजली निगम के अधिकारियों को मौका मिल गया है। अधिकारी इस बात की जांच के लिए स्वतंत्र भी है यदि यूनियन के नेताओं को वह पहले जानते भी हो। 18 दिसंबर से पहले उनकी फोन कॉल डिटेल निकलवाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि एसडीओ ने 15 दिसंबर को शुक्रवार के दिन उनके घर पर रेड की थी और उसके बाद 16 और 17 दिसंबर की छुट्टी थी। इसीलिए वह 18 दिसंबर को जब क्वालिटी सब डिवीजन में पहुंचे तो वहां पर बिजली निगम के सभी कर्मी गेट के बाहर एकजुट थे और दफ्तर में कोई नहीं था। इसी बीच उन्हें एक बिजली कर्मी मिला तब उनसे पूछा था कि उन्हें शिकायत देनी है तो वह किसको दें। उन्हें नहीं पता था कि कौन प्रधान है और कौन कर्मी। हमने तो बस एसई कार्यालय का रास्ता ही पूछा था। इसके बाद ही वह एसई के समक्ष अपनी शिकायत लेकर पेश हुए थे। इसके बाद वह एक्सइएन के पास आए थे और शिकायत दी थी। एक्सईएन ने उन्हें आश्वासन दिया था कि वह एक बार फैक्ट्री में आकर जांच करेंगे। एक्सईएन के पूछने पर उन्होंने बताया कि उन्हें अपने घर का काम कराना था और वैसे ही उनके कामकाज के चलते उनकी पेमेंट पड़ी रहती है, लेकिन एक्सईएन अब यदि यह बोल रहे हैं यूनियन के नेताओं के इशारों पर यह शिकायत दी है तो यह सरासर गलत है। इससे यह साफ होता है कि अधिकारी एसडीओ को बचाने में जुटे हैं। शिकायतकर्ता ने कहा कि जिस कमरे में वह पाउडर को¨डग का काम करते हैं उसमें जो बिजली के उपकरण लगे हैं वे कम वाल्टेज के थे। चोरी का आधार सही नहीं है और उनसे खुन्नस निकाली गई है।

अथॉरिटी से शिकायत करने के लिए स्वतंत्र

जांच अधिकारी एवं अंबाला छावनी के एक्सईएन कशिश मान ने कहा कि यूनियन ने यह शपथ दिलवाया है और शिकायतकर्ता महिला ने उसे बताया है कि यह शिकायत बिजली बोर्ड के सस्पेंड प्रधान ने दिलवाया है। इसीलिए शिकायतकर्ता महिला प्रायोजित है और अनबन में किसी ओर से शिकायत करवाना संवैधानिक नहीं है। घटना चे¨कग की हुई है और चोरी छोड़ने या जुर्माने की अथॉरिटी कोर्ट है। अब वह अथॉरिटी के पास जाएं। अथॉरिटी के पास जाने की बजाए इधर-उधर बदनामी की जा रही है और कोर्ट के पास अथॉरिटी है कि यदि एसडीओ के स्तर पर कोई गलत व्यवहार हुआ तो वह शिकायतकर्ता की सुनेगा।