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बारिश का पानी तो सूखा पर सड़कों में गड्ढे निकले

संवाद सूत्र, कालांवाली : गत दिनों हुई बारिश ने प्रशासन के सभी दावों की पोल खोलकर रख दी हैं। उन सड़कों में गहरे गड्ढे बन गए हैं और पत्थर, सरिये आदि निकल आए हैं। सड़कों की खस्ताहाल स्थिति से आमजन काफी परेशान हैं जबकि वाहन चालकों को रोजाना दुर्घटना की स्थिति का सामना करना पड़ रहा हैं। इसके अलावा उन सड़कों पर दिनभर धूल मिट्टी उड़ने के कारण बीमारियां फैलने के भय के साथ दुकानदारों का कार्य प्रभावित भी हो रहा हैं। हालांकि शहर में सीएम मनोहर लाल खट्टर ने 25 अगस्त 2016 को हुई विकास रैली में की गई कई विकास कार्यो की घोषणाओं को मंजूर करने के अलावा शहर को 5 करोड़ रुपये विकास कार्यों के रूप में अतिरिक्त देने की घोषणा करते हुए कई सड़कों को चकाचक करने का वादा किया था। लेकिन करीब 10 माह बीतने के बावजूद भी किसी भी सड़क को बनाने का कार्य शुरू न होने से शहरवासियों में सरकार के प्रति काफी रोष पनप रहा हैं।

शहर में मेन बाजार व आवासीय क्षेत्रों की ज्यादातर रोड व गलियां टूट चुकी हैं। इससे आमजन को बाजार में से गुजरना मुश्किल हो गया हैं। शहर के पुराना पंजरत्न सिनेमा रोड और देसूमलकाना रोड पर तो चलना किसी खतरे से खाली नहीं हैं। उक्त रोड पर गत कई दिनों पहले कार के टायर के नीचे आने से पत्थर उठकर बाइक सवार व्यक्ति के मुंह पर लगने से वह बुरी तरह जख्मी हो गया। इसके अलावा सड़क से पत्थर निकले होने के कारण रोजाना की तरह कई बाईक सवार गिरकर घायल हो रहे हैं और कई दुकानदारों की दुकान के शीशे भी टूट चुके हैं। लेकिन विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। हालांकि उक्त घटनाओं को देखते हुए दुकानदारों ने अपने स्तर पर भी पुराना पंजरत्न सिनेमा रोड व देसूमलकाना रोड पर मिट्टी व पत्थर भरकर सही करने का कई बार प्रयास किया गया हैं लेकिन कुछ दिनों बाद वह फिर से टूट जाती हैं। इसके अलावा कुछ माह दुकानदारों की ओर से अपने स्तर पर सड़क पर उड़ती धूल मिट्टी से कोई हादसा न हो इस कारण करीब 12 हजार रुपये प्रति माह की लागत से रोजाना 3-4 टैंकर पानी का छिड़काव किया गया। प्रशासन का बिल्कुल सहयोग न मिलने पर उन्होंने भी रुचि लेना बंद कर दिया। बरसात के दिनों में तो इन सड़कों के हालात ओर भी बदत्तर हो जाते हैं। शहरवासियों ने सरकार से उक्त सड़कों को जल्द बनाने की मांग की हैं ताकि रोजाना की तरह हो रही दुर्घटनाओं से बचा जा सकें।

संवाद सूत्र, कालांवाली : गत दिनों हुई बारिश ने प्रशासन के सभी दावों की पोल खोलकर रख दी हैं। उन सड़कों में गहरे गड्ढे बन गए हैं और पत्थर, सरिये आदि निकल आए हैं। सड़कों की खस्ताहाल स्थिति से आमजन काफी परेशान हैं जबकि वाहन चालकों को रोजाना दुर्घटना की स्थिति का सामना करना पड़ रहा हैं। इसके अलावा उन सड़कों पर दिनभर धूल मिट्टी उड़ने के कारण बीमारियां फैलने के भय के साथ दुकानदारों का कार्य प्रभावित भी हो रहा हैं। हालांकि शहर में सीएम मनोहर लाल खट्टर ने 25 अगस्त 2016 को हुई विकास रैली में की गई कई विकास कार्यो की घोषणाओं को मंजूर करने के अलावा शहर को 5 करोड़ रुपये विकास कार्यों के रूप में अतिरिक्त देने की घोषणा करते हुए कई सड़कों को चकाचक करने का वादा किया था। लेकिन करीब 10 माह बीतने के बावजूद भी किसी भी सड़क को बनाने का कार्य शुरू न होने से शहरवासियों में सरकार के प्रति काफी रोष पनप रहा हैं। शहर में मेन बाजार व आवासीय क्षेत्रों की ज्यादातर रोड व गलियां टूट चुकी हैं। इससे आमजन को बाजार में से गुजरना मुश्किल हो गया हैं। शहर के पुराना पंजरत्न सिनेमा रोड और देसूमलकाना रोड पर तो चलना किसी खतरे से खाली नहीं हैं। उक्त रोड पर गत कई दिनों पहले कार के टायर के नीचे आने से पत्थर उठकर बाइक सवार व्यक्ति के मुंह पर लगने से वह बुरी तरह जख्मी हो गया। इसके अलावा सड़क से पत्थर निकले होने के कारण रोजाना की तरह कई बाईक सवार गिरकर घायल हो रहे हैं और कई दुकानदारों की दुकान के शीशे भी टूट चुके हैं। लेकिन विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। हालांकि उक्त घटनाओं को देखते हुए दुकानदारों ने अपने स्तर पर भी पुराना पंजरत्न सिनेमा रोड व देसूमलकाना रोड पर मिट्टी व पत्थर भरकर सही करने का कई बार प्रयास किया गया हैं लेकिन कुछ दिनों बाद वह फिर से टूट जाती हैं। इसके अलावा कुछ माह दुकानदारों की ओर से अपने स्तर पर सड़क पर उड़ती धूल मिट्टी से कोई हादसा न हो इस कारण करीब 12 हजार रुपये प्रति माह की लागत से रोजाना 3-4 टैंकर पानी का छिड़काव किया गया। प्रशासन का बिल्कुल सहयोग न मिलने पर उन्होंने भी रुचि लेना बंद कर दिया। बरसात के दिनों में तो इन सड़कों के हालात ओर भी बदत्तर हो जाते हैं। शहरवासियों ने सरकार से उक्त सड़कों को जल्द बनाने की मांग की हैं ताकि रोजाना की तरह हो रही दुर्घटनाओं से बचा जा सकें।