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छह किलोमीटर लंबे विशाल नगर कीर्तन में उमड़ा सैलाब

पंचकूला : श्री गुरु गोबिन्द सिंह के 351वें प्रकाशोत्सव पर पंचकूला के नाडा साहब गुरुद्वारे से विशाल नगर कीर्तन निकाला गया, जोकि शहर के विभिन्न हिस्सों से गुजरा। लगभग 6 किलोमीटर लंबा नगर कीर्तन जहां से भी निकला, वहीं जाम लगा रहा। लोगों को अपना रास्ता बदलना।

नगर कीर्तन के प्रति लोगों की श्रद्धा देखते ही बन रही थी। विभिन्न जगहों पर नगर कीर्तन का स्वागत किया गया और लंगर, प्रसाद एवं चाय संगतों को दी गई। इस दौरान आकर्षक झांकियों ने लोगों का मन मोह लिया। 25 दिसंबर को दसवीं पातशाही श्री गुरु गोबिंद सिंह के प्रकाशोत्सव को धूमधाम से मनाने के लिए सभी तैयारिया की जा रही हैं। गुरुद्वारा नाडा साहब के प्रबंधक नरेन्द्र सिंह व प्रबंधक कमेटी के सदस्यों ने बताया कि शनिवार को एक विशाल नगर कीर्तन गुरुद्वारा साहिब से एसजीपीसी हरियाणा के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रघुजीत सिंह के नेतृत्व में सुबह 8 बजे निकाला गया। मौके पर उपस्थित सदस्यों में अकाउंटेंट अमृतपाल सिंह, स्टोरकीपर गोपाल सिंह, गुरविंदर सिंह, रमनदीप सिंह, हेड ग्रंथी जगजीत सिंह व जसबीर सिंह मौजूद थे

प्रबंधक नरेन्द्र सिंह ने बताया कि नगर कीर्तन में गुरु साहिब की ऐतिहासिक अस्त्र-शस्त्र की प्रदर्शनी लगाई गई। नगर कीर्तन गुरुद्वारा से आरंभ होकर माजरी चौक सेक्टर-1 से होते हुए सेक्टर-2 की मार्केट, 4 की से सेक्टर 4/5 की मेन रोड, सेक्टर-11 मिनी मार्केट से 11/12 की मुख्य सड़क से गाव रैली चौक और वहा से सेक्टर-11/14 से 15 स्थित गुरुद्वारा अवुध सिंह से होता हुआ सेक्टर-7 के गुरुद्वारा सिंह सभा में गया। वहा से सेक्टर-1 कॉलेज के सामने से होता हुआ गुरुद्वारा नाडा साहिब में हुआ। 100 सेवादार तैनात थे। प्रकाशोत्सव पर अखंड पाठ का भोग डाला जाएगा। आसमान से हवाई जहाज द्वारा फूलों की वर्षा भी की जाएगी।

 
 

वहीं, कालका गुरुद्वारा की ओर से शनिवार को श्री गुरुग्रंथ साहिब के अखंड पाठ रखा गया, जिसका भोग 25 दिसंबर गुरु गोबिंद सिंह के प्रकाश दिवस पर डाला जाएगा। गुरुद्वारा प्रधान हरबंस सिंह ने बताया कि सोमवार को अखंड पाठ के भोग डाले जाएंगे। लंगर भी बरताया जाएगा। वहीं, शिमला रोड स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा से विशाल नगर कीर्तन निकाला गया। आगे बैंड बाजा और उसके पीछे सिख हाई स्कूल, आर्य कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, हिन्दू कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय व अन्य स्कूलों के बच्चे शबद गायन कर रहे थे