News Description
नील गाय को बचाने के चक्कर में हाईवे पर पलटा टैंकर

झज्जर :आपदा की स्थिति से निपटने के लिए 21 दिसंबर को प्रदेश भर में मॉक ड्रिल करवाई जाएंगी। मकसद यह है कि विषम परिस्थितियों से आखिरकार कैसे निपटा जाए। जिला स्तर पर इससे संबंधित तैयारियों को अंतिम रूप भी दिया जा चुका है। लेकिन इसी से जुदा ताजातरीन स्थिति मंगलवार सुबह के समय में गुढ़ा गांव के बाई-पास से कुछ दूरी पर दिखाई दी । जहां पर 12 हजार लीटर पैट्रोल से भरा हुआ टैंकर जो कि सड़क किनारे पलटा हुआ था, को बाहर निकालने के लिए करीब आधा घंटा तक हाई-वे पर यातायात व्यवस्था बाधित रही। लेकिन पुलिस की टीम या प्रशासन की ओर से यहां कोई मौजूद नहीं था। व्यवस्था बनाए रखने के स्तर पर टोल से जुड़े स्टॉफ ने जिम्मेवारी का निर्वाह किया। काफी समय तक किए गए प्रयासों के बाद टैंकर को गड्ढ़ों से बाहर निकाला गया। जिसके बाद वहां मौजूद हर किसी ने राहत की सांस ली।

नीलगाय सामने आने से पलटा टैंकर : घटनाक्रम के अनुसार रेवाड़ी से उचाना के लिए टैंकर में पैट्रोल लेकर निकला चालक जब गुढ़ा गांव के बाई-पास से आगे पहुंचा तो एकाएक सड़क पर आई नीलगाय को बचाने के चक्कर में उसकी गाड़ी सड़क से नीचे उतर गई। नियंत्रण खो देने के चलते वह गाड़ी पर काबू नहीं रख पाया। जिसका परिणाम यह निकला कि गाड़ी सड़क किनारे गड्ढ़े में जा पलटी। चूंकि गाड़ी में पैट्रोल भरा हुआ था। इसलिए सावधानी बरती जानी जरूरी थी। गाड़ी को बाहर निकालने के लिए दो हाईड्रा वहां पर बुलाई गया। लेकिन उन्होंने भी बगैर फायर ब्रिगेड की गाड़ी के काम करने से मना कर दिया। ऐसी स्थिति में गाड़ी के साथ मौजूद रहे स्टॉफ ने फायर ब्रिगेड को सूचना दी। जिस पर दो गाड़ियां वहां पहुंची और उन्होंने अपने स्तर पर हर संभव मदद भी की। लेकिन जिस दौरान गाड़ी को गड्ढ़े से निकाले जाने का कार्य चल रहा था। उस दौरान पुलिस के स्तर पर मदद के लिए कोई नहीं था।

बॉक्स :

बाई-पास से कुछ दूरी पर पलटा हुआ टैंकर तेल से भरा हुआ था। किसी भी तरह से कोई अनहोनी नहीं हो जाए। इसलिए फायर ब्रिगेड की टीम से जुड़े स्टॉफ ने भी गंभीरता से पानी की बौछार साथ में जारी रखी। ताकि घर्षण के दौरान अगर कही ¨चगारी निकलती है तो समय रहते ही उस पर काबू किया जा सके। चूंकि सुबह के समय में हवा भी चल रही थी। इसलिए रिस्क नहंी लिया जा सकता था।

बॉक्स :

सुबह के समय में सड़क की एक साइड में गिरे टैंकर को खड़ा करने में काफी समय तक लग गया। पहले-पहले तो उस साइड को छोड़कर ट्रेफिक चालू रखा गया। लेकिन बाद में जब यह रेस्कयू का काम शुरू हुआ तो गाड़ियों को रूकवा दिया। जिससे काफी लंबा जाम भी लग गया। हालांकि कुछ लोग तो अपनी गाड़ियों को वहां से मोड़कर वापिस भी ले गए।

बॉक्स :

संयुक्त रूप से हुए प्रयासों के बाद टैंकर को खड़ा किया गया। जिससे वहां पर मौजूद हाई-ड्रा पर तैनात स्टॉफ, फायर ब्रिगेड की टीम के अलावा टोल से जुड़े हुए स्टॉफ ने भी राहत की सांस ली। चूंकि हर कोई इसी बात को लेकर आशंकित था कि कहीं घर्षण के कारण पैट्रोल आग नहीं पकड़ लें। हालांकि इस दौरान काफी मात्रा में पैट्रोल टैंकर में रिसाव होने के कारण सड़क किनारे बह गया था।