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देर रात तक बाजार में पुराने स्टॉक की हुई बिक्री, कस्टमर्स ने उठाया छूट का लाभ

.जीएसटी यानि गुड्स एंड सर्विस टैक्स शुक्रवार आधी रात से आधी-अधूरी तैयारियों के बीच लागू कर दिया गया है। जानकारी व जागरुकता के अभाव में अभी तक व्यापारी इसे लेकर पशोपेश में हैं। कोई नई बिल बुक को लेकर चिंतित है तो कोई पुराने स्टॉक को लेकर तो कोई रजिस्ट्रेशन। हालांकि विभाग द्वारा हेल्पडेस्क स्थापित करने और शुुरुआत में नियमों में छूट देने की बात कहकर राहत दी जा रही है। वहीं, देररात तक बाजारों में व्यापारी भारी छूट के साथ पुराना स्टॉक 
बेचते रहे।

कराधान विभाग के आयुक्त एसके बोडवाल ने बताया कि व्यापारियों के लिए हर संभव सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है। ईटीओ रामेश्वर दहिया को प्रॉपर ऑफिसर के तहत काम करना होगा, जो जीएसटी रजिस्ट्रेशन में मदद करेंगे। इसके अलावा जीएसटी नोडल ऑफिसर के तौर पर शैलेंद्र कौशिक को तैनात किया गया है, जो हेल्प डेस्क की सुविधा देंगे। अभी 7600 डीलर का रजिस्ट्रेशन किया गया है। खास बात यह है कि विभाग की ओर से सिर्फ 10 ही माइग्रेशन किए गए, जबकि वेबसाइट द्वारा पुराने डीलर को स्वयं ही जीएसटी के लिए माइग्रेशन कर दिया गया।
 
 
अभी गलतियां सुधारने का मिलेगा मौका
सीए सुशील जैन ने बताया कि व्यापारियों को डरने की फिलहाल कोई जरूरत नहीं है। सरकार ने तय किया है कि फिलहाल चार से पांच महीने में व्यापारियों की आंशिक गलतियों को भी विभाग द्वारा नजरअंदाज कर दिया जाएगा।
 
200 रुपए तक का बिल ग्राहक की इच्छा पर
एक राहत व्यापारी को यह भी दी गई है ग्राहक यदि 200 रुपए तक का बिल नहीं चाहता तो व्यापारी काटने के लिए बाध्य नहीं है। बाजार में परचून की दुकान करने वाला एक व्यापारी दो सौ रुपए से कम का सामान बेचता है तो उसे एक ही बार में छोटे बिल मिलाएक हजार रुपए तक का बिल बनाने की छूट है।
 
सर्वर की सताएगी समस्या
जीएसटी विशेषज्ञ एवं सीए सुशील जैन की मानें तो फिलहाल जीएसटी के लिए सरकारी तौर पर सभी तैयारियां पूरी नहीं की गई हैं। सर्वर के लिए पुख्ता प्रबंध नहीं है। फिलहाल विभाग की तैयारियां अभी अधूरी ही नजर आती हैं। राज्य सरकार की ओर से पुराने व्यापारियों को ही अभी जोड़ा गया है। नए व्यापारी का रजिस्ट्रेशन होना बचा है। 3 से 4 करोड़ रिटर्न व्यापारियों द्वारा भरी जाती है तो उसके लिए पूरी व्यवस्था होनी चाहिए कि सर्वर डाउन न हो। उनकी प्रक्रिया को कौन देखेगा यह तय नहीं है। माइग्रेशन के बाद नए रिटर्न आएगी उसे कैसे मैनेज किया जाएगा।
अंतिम दिन देर रात तक निकाला पुराना स्टॉक
व्यापारियों द्वारा बाजार में जीएसटी लगने से पहले देर रात तक बाजार में अपना पुराना स्टॉक निकालने के लिए सेल व डिस्काउंट दिया गया। इसके चलते बाजार में देर रात तक भीड़ लगी रही।
 
जीएसटी पर आज जानकारी देंगे अधिकारी :जीएसटी दिवस पर एक जुलाई को साढ़े 11 बजे वस्तु एवं सेवा कर कार्यालय नजदीक डाक भवन में एक कार्यक्रम किया जाएगा। इस कार्यक्रम में जीएसटी विभाग के आयुक्त हिमांशु गुप्ता मुख्यअतिथि होंगे और कार्यक्रम में जीएसटी के लागू होने से होने वाले लाभ के बारे में जानकारी दी जाएगी।