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चिटफंड कंपनी के दफ्तर पर ताला, लोगों का हंगामा

सोनीपत: चिटफंड कंपनी के नाम पर शहर के हजारों लोगों से ठगी कर कंपनी फरार हो गई। कंपनी कार्यालय पर ताला लटका है। खुद के साथ हुई ठगी से गुस्साए लोगों ने बस स्टैंड के पास स्थित अंबेडकर पार्क में एकत्रित होकर जमकर हंगामा किया। पीड़ितों ने शुक्रवार को इस संबंध में पुलिस अधीक्षक से मुलाकात करने का निर्णय लिया है।

पीड़ितों ने बताया कि गांधी चौक पर वर्ष 2009 में केबीसीएल कंपनी के नाम से कार्यालय खोला गया था, जिसमें उन्हें कमीशन के आधार पर एजेंट बनाया गया था। बताया जा रहा है कि शहर भर में कंपनी ने ऐसे ही करीब 500 लोगों को एजेंट बनाया हुआ था, जो लोगों के खाते खुलवा रहे थे। ऐसे ही जिले भर में करीब पांच हजार खाते खोले गए थे। एफडी में साढ़े पांच साल में राशि को दोगुना करने व आरडी में भी मोटा ब्याज देने का लालच दिया गया था। बाद में कंपनी के यहां कार्यरत अधिकारी व कर्मचारी ऑफिस को बंद कर फरार हो गए थे। लोगों ने एजेंटों को पकड़ना शुरू कर दिया था। इस मामले में गांव भठगांव में कंपनी के एजेंट सत्यवान के खिलाफ जून माह में केस भी दर्ज किया गया था। ठगी का शिकार हुए लोगों को जब कंपनी के गायब होने का पता लगा तो वह सोमवार को एजेंटों के साथ अंबेडकर पार्क में एकत्रित हो गए। उन्होंने पूर्व जिला पार्षद संजय बड़वासनी के नेतृत्व में रोष जताया

पुलिस के मुताबिक सामने आया है कि केबीसीएल कंपनी का यह कोई पहला मामला नहीं है। इसी तरह के मामले कंपनी पर मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश व कई अन्य राज्यों में दर्ज हैं। वही, पीड़ित लोगों का भी कहना है कि पहले उन्होंने कंपनी के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं ली। अब पता करने पर सचाई सामने आ रही है