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कमीशनखोरी के खेल में उजागर होंगे बड़े नाम

 पंचकूला : मुख्यमंत्री उड़नदस्ता और विजिलेंस टीम द्वारा हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के सेक्टर-6 स्थित कार्यालय में रेड के दौरान गिरफ्तार प्रॉपर्टी डीलर राकेश कुमार ढाडा, आइटी विभाग के हरनीत सिंह को दो दिन का रिमांड खत्म होने के बाद कोर्ट में पेश किया गया। यहां से उन्हे न्यायिक हिरासत में भेज दिया। एस्टेट ऑफिस के असिस्टेंट विजय सागा को शनिवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। मुख्यमंत्री उड़नदस्ते के डीएसपी राजकुमार ने बताया कि आरोपियों से कई दस्तावेज और सुराग मिले हैं। इस मामले में और कई नाम सामने आए हैं, जिसका जल्द खुलासा किया जाएगा।

सीएम फ्लाइंग स्क्वॉयड को इस बारे में गुप्त सूचना थी। इसमें प्रॉपर्टी डीलर राकेश कुमार और विकास सैनी के दो मोबाइल नंबरों को सर्विलास पर लगाया गया, तो कई ऐसे चौंकाने वाले खुलासे हुएपहले सेक्टर-10 के बूथ नंबर 36 की बेसमेंट को पास करवाने की बात होती है। इसमें कहा जाता है कि अलॉटमेंट की फोटोकॉपी के अलावा कुछ भी नहीं है। इस पर विकास अलॉटमेंट की कॉपी एफिडेविट के अलावा चार हजार की बात लेकर आने की बात कहता है।

डीएसपी राजकुमार के अनुसार हुडा में कमीशनखोरी का खेल चलता है। किसी प्रॉपर्टी की फाइल नहीं मिल रही है, तो बाबुओं और प्रॉपर्टी डीलर्स का एक गिरोह सब कुछ मुहैया करवा देता है। कमीशनखोरी के चक्कर में एक बड़े एरिया के नक्शे की फीस भरने के बजाय कम फीस के हिसाब से उसे फाइलों में छोटा दिखा दिया जाता है। जो प्रॉपर्टी लिटिगेशन में है, उसके केस को सॉल्व करवाने से लेकर बिकवाने का काम यहीं इस्टेट ऑफिस में बैठकर किया जाता है। फाइल ठीक करने वाले बाबू और प्रॉपर्टी का सर्वे करने वाले जेई, एसडीओ या एक्सईएन को मोटी कमीशन जाती थी। इसके बाद रिपोर्ट सही बता देते। अब इस मामले में बड़े खुलासे होने की संभावना है।