News Description
आवेदनों की वेरीफिकेशन के साथ किया जा रहा फर्जी फोन से सावधान

प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के तहत जिले भर से 10900 आवेदन आ चुके हैं जबकि डोर-टू-डोर सर्वे के तहत 1400 आवेदन आए हैं। डोर-टू-डोर सर्वे के तहत आवेदनों की वेरीफिकेशन के दौरान योजना की प्रोजेक्ट हेड लोगों को फर्जी फोन आने पर सावधानी बरतने के बारे में सचेत कर रही हैं। इसके अतिरिक्त सर्वे कर्मियों का भी हिदायत दी गई है कि आवेदन पत्रों की वेरीफिकेशन के दौरान लोगों को जागरूक करें कि यदि कोई फर्जी फोन आता है तो उसकी शिकायत तुरंत अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय या फिर नगर परिषद कार्यालय में करें। सर्वे कर्मियों की ओर से प्रोजेक्ट हेड को सूचना देने के लिए उनका मोबाइल नंबर दिया जा रहा है। सर्वे टीम वार्ड के अनुसार घर-घर जांच करेगी कि जिन लोगों ने आवास योजना के तहत आवेदन किया है, उनकी जांच की जाएगी कि उनके मकान की क्या स्थिति है, उसकी फोटो एप के जरिये आनलाइन वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी। सर्वे समाप्त होने के बाद इसे वेबसाइट पर ही सार्वजनिक किया जाएगा। जो लाभपात्र होंगे, उनका सूची में नाम दर्ज किया जाएगा और जो लाभपात्र नहीं होंगे उनका फार्म रद कर दिया जाएगा। जो लोग आवेदन करने से वंचित रह गए हैं, उनकी सुविधा के लिए नगर निगम, नगर परिषद व नगरपालिका कार्यालय में सर्वे कर्मियों की ड्यूटी लगाई हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रोजेक्ट हेड व अर्बन प्लानर मेघा कश्यप ने बताया कि थानेसर नगर परिषद अधीन 31 वार्डों से 5712 आवेदन आए हैं। इनकी जांच करने के लिए 13 सदस्यीय टीम की ड्यूटी लगाई गई है, जबकि दो सर्वे कर्मियों की ड्यूटी नप कार्यालय में लगाई गई हैं, जहां पर वे आवेदन ले रहे हैं। शाहाबाद नगरपालिका में तीन तथा लाडवा व पिहोवा में चार-चार सर्वे कर्मी डोर-टू-डोर आवेदनों की जांच कर रहे हैं।

-------------

अभी नहीं आया फर्जी फोन का मामला

प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रोजेक्ट हेड व अर्बन प्लानर मेघा कश्यप ने बताया कि कई शहरों में फर्जी फोन करके आवास योजना के नाम पर लोगों ने पैसे मांगे जा रहे हैं। फिलहाल जिले में ऐसा मामला सामने नहीं आया है। सभी सर्वे कर्मियों को आइकार्ड जारी किए गए हैं और उन्हें हिदायत दी गई है कि लोगों को फर्जी फोन के प्रति जागरूक किया जाए। यदि फर्जी फोन आता है उसकी शिकायत तुरंत एसडीसी व नप कार्यालय में की जा सकती है।