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कार में बैठा सवारी को लूटने वाले गैंग के तीन सदस्य पकड़े गए

गुरुग्राम के इफ्को चौक/ब्रिस्टल चौक से रात में अकेली सवारी को बैठा कर लूटने वाले गैंग के तीन सदस्य सेक्टर 30 क्राइम ब्रांच के हत्थे चढ़े हैं। पकड़े गए बदमाशों इमरान, आदिल निवासी बीजोपुर और आदिल निवासी मांगर ने फरीदाबाद में तीन और गुरुग्राम में दो लूटपाट की वारदात अंजाम देना कुबूल किया।

इनमें दो वारदात ऐसी हैं जिनमें पीड़ित ने पुलिस में शिकायत ही नहीं दर्ज कराई। गैंग के कई और सदस्यों की भी पुलिस को जानकारी मिली है जल्द ही उन्हें भी पकड़ा जाएगा। 

क्राइम ब्रांच सेक्टर 30 प्रभारी इंस्पेक्टर सतेंद्र रावल ने बताया कि गुरुग्राम-फरीदाबाद के बीच कार सवार बदमाशों द्वारा सवारियों को लूटने की बढ़ती वारदात पर काबू करने के लिए उन्होंने एक टीम लगाई।

इस दौरान टीम ने मुखबिर की सूचना पर बीजोपुर निवासी इमरान, आदिल और राहुल को अवैध तमंचे सहित पकड़ा। पूछताछ में तीनों ने गुरुग्राम-फरीदाबाद हाईवे पर छह से अधिक लूट की वारदात अंजाम देना कुबूल किया।  

इंस्पेक्टर सतेंद्र रावल ने बताया कि लूटपाट की वारदात में इमरान की स्विफ्ट डिजायर कार इस्तेमाल की जाती थी। इमरान ने दिखाने के लिए अपनी कार ओला कैब में लगा रखी थी। वह खुद ही टैक्सी चालक है। राहुल और इमरान पहले भी लूट और चोरी के आरोप में जेल जा चुके हैं। इमरान कार चलाता था जबकि राहुल और आदिल सवारी बन कर बैठते थे, जो आगे जाकर सवारी को लूटते थे। 

इमरान ने बताया कि रात में तीनों इफ्को चौक पर खड़े होकर अकेली सवारी की तलाश करते। सवारी को स्विफ्ट डिजायर में बैठाकर पाली रोड पर सूनसान और अंधेरी जगह पर ले जाकर मारपीट करते और लूट लेते। विरोध करने वाली सवारी को पिस्तौल दिखा कर जान से मारने का डर दिखाया जाता।

शिकार से एटीएम कार्ड छीन कर उसका पिन भी पूछा जाता। पिन सही है या नहीं यह कन्फर्म करने के लिए ठेके से शराब खरीद कर पेमेंट उसके ही एटीएम कार्ड से किया जाता। यदि पिन गलत होता तो शिकार को बुरी तरह पीटते, सही होता तो उसे अंधेरे में उतार कर फरार हो जाते, आगे किसी एटीएम में घुस कर कैश विड्रॉल कर लेते। पीड़ित पुलिस को फोन न कर सके इसलिए उसके फोन की बैट्री भी निकाल कर अपने साथ ले जाते।